मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन योजना 2.0 के अन्तर्गत कार्यो के प्रस्ताव जल्द भिजवाएं- जिला कलेक्टर

बूंदी, 29 फरवरी। मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन योजना 2.0 में कराए जाने वाले कार्यो की अनुमोदन बैठक गुरुवार को जिला कलेक्टर अक्षय गोदारा की अध्यक्षता में आयोजित हुई. बैठक में जिला कलेक्टर ने मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन योजना 2.0 अभियान के प्रभारी


अधीक्षण अभियंता से कार्यों के बारे में फीडबैक लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने जलग्रहण विभाग व वन विभाग के अधिकारियों को राज्य मद के कार्यो के तकनीकी प्रस्ताव जारी कर वित्तीय स्वीकृति के लिए जल्द से जल्द भिजवाने के निर्देश दिए।  

उन्होंने निर्देश दिए कि मनरेगा के अन्तर्गत किए जाने वाले कार्यो के प्रस्ताव भी शीघ्र भिजवाएं जाए। साथ ही अन्य विभागीय योजना जैसे प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना अन्य विभागीय योजनाओं से कराये जाने वाले कार्यो को अति शीघ्र पूर्ण करवाने के निर्देश दिए।  

1848 कार्यों का अनुमोदन

बैठक में जिला कलेक्टर ने विभिन्न विभागों जलग्रहण, वन, डब्ल्यूआरडी, कृषि, उद्यान, पंचायती राज एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा प्रस्तावित विभिन्न गतिविधियों जैसे एनिकट,पक्का चेक डेम, एम.पी.टी., पी.टी., सी.सी.टी., डब्लयूएचएस, एस.जी.टी., फिल्ड बंडिंग, रिचार्ज साफ्ट, संकन पोंड, फार्म पोंड, चारागाह विकास के लिए पौधरोपण, स्प्रिंकलर, ड्रिप, भूमि कटाव रोकना एवं वर्षा जल संरक्षण आदि के 1848 कार्यो का अनुमोदन किया।
         
बैठक में मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन योजना 2.0 अभियान के प्रभारी प्रभारी थानमल नागर ने बताया कि मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन योजना 2.0 अन्तर्गत सभी विभागों के सहयोग से विभागीय मद एवं राज्य मद से 74.84 करोड़ रूपए की लागत से कार्य स्वीकृत कर दो वर्ष में योजना पूर्ण की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों के कार्यो का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया।  
         
बैठक में मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद बून्दी दुर्गाशंकर मीणा, संयुक्त निदेशक कृषि विस्तार महेश कुमार शर्मा, जल संसाधन विभाग के अधिशाषी अभियन्ता आरके पाटनी, डीपीएम जगजीवन कौर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।