Share Market : मार्केट खुलते ही सेंसेक्स ने पकड़ी रफ्तार, आज इन शेयरों में दिखेगी चमक

New Delhi: सप्ताह के दूसरे दिन शेयर बाजार में तेजी बरकरार है। सेंसेक्स से लेकर निफ्टी तक बढ़त देखने को मिल रही है। आज सेंसेक्स में 294 प्वॉइंट की तेजी तो निफ्टी 91 अंकों की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा है। बता दें, कल बाजार शेष रहने के समय सेंसेक्स 60,566.42 पर और निफ्टी 18,949.90 पर बना था। अभी यह क्रमशः 60,861.41 और 19,041.54 पर वाणिज्यिक उद्यम कर रहा है। बाजार के अंतराल के साथ बीएसई के 30 शेयर हरे निशान में चल रहे हैं, इसे एक अच्छा संकेत माना जा रहा है।

सप्ताह के पहले कारोबारी दिन सोमवार को शेयर बाजार गुलजार रहा। बाजार में चौतरफा खरीदारी के कारण बीएसई सेंसेक्स 721.13 अंक चढ़कर एक बार फिर 60,566.42 अंक पर पहुंच गया। वहीं एनएसई निफ्टी में जबरदस्त तेजी देखने को मिली है। निफ्टी 207.80 अंक की बढ़त के साथ 18,014.60 पर बंद हुआ। आपको बता दें कि पिछले हफ्ते शेयर बाजार में भारी गिरावट देखने को मिली है। पिछले हफ्ते सेंसेक्स 1,492.52 अंक या 2.43 प्रतिशत टूटा था, वहीं निफ्टी 462.20 अंक या 2.52 प्रतिशत टूटा था।

कल खरीदारों ने एक ही दिन में पांच लाख करोड़ रुपए कमाए। सेंसेक्स में शामिल 30 शेयरों में से 25 में बढ़त और पांच में गिरावट रही। वहीं, निफ्टी में शामिल 50 शेयरों में से 40 बेहतर और 10 में गिरावट रही। नए कारोबार में बैंकिंग, आईटी, ऑटोमोबाइल और एफएमसीजी कंपनियों के शेयरों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली है।

रेलिगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के उपाध्यक्ष (तकनीकी अध्ययन) अजीत मिश्रा ने कहा कि दिसंबर महीने के अनुबंधों की निर्धारित डेरिवेटिव समाप्ति सदस्यों को व्यस्त रखेगी। इसके अलावा कोविड संक्रमण के मामलों में उछाल से अस्थिरता बढ़ेगी। इस हफ्ते रुपये, ब्रेंट क्रूड ऑयल और विदेशी निवेशकों की चाल पर भी निवेशकों की नजर रहेगी।

सिक्योरिटीज लिमिटेड के फेयरनेस स्टडीज (रिटेल) के प्रमुख श्रीकांत चौहान ने कहा, 'चीन में कोविड संक्रमण में उछाल और मंदी की संभावना से ग्लोबल फेयरनेस मार्केट परेशान हो सकते हैं।' जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के हेड ऑफ स्टडीज विनोद नायर ने कहा कि बाजार में उतार-चढ़ाव स्थिर रहने की उम्मीद है, क्योंकि निवेशक चीन में कोविड-19 के बढ़ते मामलों पर नजर रख रहे हैं।

विश्लेषकों के मुताबिक वैश्विक घटनाक्रम और चीन में कोविड महामारी की स्थिति इस सप्ताह शेयर बाजारों की दिशा तय करेगी। इसके अलावा गुरुवार को तमाम तरह के वायदा सौदों के बीच भी उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। विश्लेषकों के मुताबिक, चीन और कुछ अन्य देशों में कोविड-19 संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच पिछले सप्ताह निवेशकों की धारणा कमजोर रही। इसके अलावा, मजबूत अमेरिकी उछाल के आंकड़ों ने फेडरल रिजर्व को अपने उदार रुख के साथ बने रहने के लिए जगह दी। इससे भी बाजार में कमजोरी रही है। अगर चीन के अलावा दुनिया के अन्य देशों में अप्रत्याशित रूप से कोरोना के मामले तेजी से बढ़े तो स्थिति और भी खराब हो सकती है।