शिवकुमार शर्मा
कोटा |
गुंजल का आरोप- सरकार चौराहे सजाने और फ्लाईओवर बनाने में व्यस्त
शहर की चौपट हुई कानून व्यवस्था, टूटी हुई सड़कें, बाढ़ पीड़ितों को मुआवज सहित अन्य समस्याओं को लेकर कोटा उत्तर के हजारों भाजपा कार्यकर्ता और आमजन 9 सितंबर को प्रातः 11ः00 बजे किशोर सागर तालाब पर इकट्ठा होगा और वहां से रैली के रूप में पैदल चलकर जिला कलेक्ट्री पहुंच कर प्रदर्शन करेंगे जिसके बाद वहां विशाल जनसभा होगी। कोटा उत्तर के पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि कोटा शहर में पिछले कई माह से कानून व्यवस्था पूरी तरह चोपट हो चुकी है शहर में आए दिन हो रही आपराधिक घटनाओं को देखकर ऐसा प्रतीत हो रहा है कि शहर में गुंडों का राज कायम हो गया है। उन्होंने कहा कि अस्पताल में भर्ती मरीज को अपराधी जाकर चाकू मार देते हैं, महिलाओं से सरेआम लूट हो रही है, हर दिन हत्या, बलात्कार, चोरी जैसी घटनाएं आम हो चुकी है। ऐसा कोई दिन नहीं जाता जब कहीं लूट, हत्या, गोली चलने की खबर सुनने को नहीं मिलती हो।
गुंजल ने कहा कि कानून व्यवस्था में विश्वास रखने वाला आम आदमी डर सहम सा गया है।
गुंजल ने कहा कि बदमाश इतने बेखौफ हो गए हैं कि एक व्यापारी के बेटे निखिल टेकवानी को सिर्फ महंगे मोबाइल और चेन लूटने के लिए जिंदा जला दिया गया और पुलिस का हाल यह है की अपहरण की इस घटना को गुमशुदगी में दर्ज कर बैठी रही, पुलिस की सुस्ती का परिणाम निखिल टेकवानी की हत्या हो गई।
उन्होंने कहा कि यदि यही सब चलता रहा तो 1 दिन ऐसा आएगा जब अपराधी थाने में ही घुस कर फरियादी को चाकू मारेंगे और पुलिस कुछ नहीं कर सकेगी।
गुंजल ने कहा कि पिछले 3 साल से कोटा शहर सहित पूरे प्रदेश का विकास कार्य ठप्प पड़ा हुआ है। शहर की जनता मूलभूत समस्याओं से त्रस्त है वही मंत्री जी स्मार्ट सिटी के ढाई हजार करोड़ रुपए और आईएल फैक्ट्री की जमीन बेचकर कमाए पाँच सौ करोड़ रुपए कुल तीन हजार करोड़ को पलीता लगाने में लगे हुए हैं। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी स्मार्ट सिटी का मतलब है जहां 24 घंटे बिजली, पानी, बेहतर यातायात व्यवस्था सहित अच्छी सड़कें और नाली की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध हो। लेकिन मंत्री जी को सिर्फ अनंतपुरा से लेकर अंटाघर तक और चंबल रिवर फ्रंट से लेकर देवनारायण योजना तक निर्माण कार्य की चिंता है। जनता की मूलभूत समस्याओं से उन्हें कोई लेना देना नहीं है। पूरे शहर की सड़कें गड्ढों में तब्दील हो चुकी है लोग पीने के पानी को तरस रहे हैं आए दिन बिजली कटौती से त्रस्त हैं। गुंजल ने आरोप लगाया कि निर्माण कार्यों को लेकर धारीवाल ने कभी किसी अधिकारी को फटकार नहीं लगाई की शहर मैं सफाई , गड्ढे और पानी की समस्या पर ध्यान नहीं दिया तो सस्पेंड कर दूंगा बस उन्हें करोड़ों के अंडरपास और फ्लाईओवर के निर्माण की ही चिंता है उन्होंने कहा कि इसके पीछे का भाव एकमात्र जनता की गाड़ी कमाई के पैसे को पलीता लगाकर कमीशन कमाना है।
एक फैक्ट्री लगाते तो लोगों को रोजगार मिलता।
कोटा उत्तर के पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने कहां की धारीवाल ने शहर की सड़कों का सत्यानाश कर दिया है । उन्होंने कहा कि किसी भी शहरवासी ने गोबरिया बावड़ी अनंतपुरा का प्लाईओवर नहीं मांगा था, एरोड्रोम सर्किल और अंटाघर चोराहे पर अंडरपास ने जनता को राहत देने की बजाय समस्या को और अधिक बढ़ा दिया है। गुंजल ने कहा कि शहर की जनता रोजगार को तरस रही है यदि धारीवाल इन हजारों करोड़ों रुपए फ्लाईओवर और अंडरपास पर खर्च करने के बजाय एक उद्योग लगवा देते तो हजारों लोगों को रोजगार मिलता लेकिन उन्हें लोगों के रोजगार से कोई मतलब नहीं है उन्हें सिर्फ हजारों करोड़ रुपए के जनता के धन को पलीता लगाना ही मकसद है।
3 साल से मुआवजे के लिए कराह रहे बाढ़ पीड़ित।
पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने आरोप लगाया कि तीन साल पूर्व आई बाढ़ के पीड़ित आज भी मुआवजा का इंतजार कर रहे हैं। और इस बार भी बाढ़ पीड़ित कराह रहे हैं। गुंजल ने आरोप लगाया कि बाढ़ पीड़ितों के नाम पर भ्रष्टाचार हुआ है, 95-95 हजार के चेक कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को बांट दिए गए। जिसकी जांच हाइकोर्ट के जज से होनी चाहिए।
निजी मकानों पर 22.50 करोड़ लगाने के पीछे बड़ा खेल।
पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल ने आरोप लगाया कि हेरिटेज के नाम पर नयापुरा में निजी मकानों पर साडे बाइस करोड रुपए खर्च किए जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कौन सी किताब में लिखा है कि प्राइवेट मकानों पर सरकारी पैसा खर्च हो सकता है उन्होंने कहा कि इसका खुलासा वक्त आने पर करूंगा।
ढाई साल तक 100 करोड़ के विकास कार्य रोकने पर माफी मांगे धारीवाल
गुंजल ने कहा कि मेरे अकेले के कार्यकाल में पौने पाँच सौ करोड़ के विकास कार्य हुए थे और इन करोड़ों रुपयों से हमने कोटा उत्तर की गली-गली में मूलभूत सुविधाएं बिजली, पानी, सड़क पर कार्य करवाए थे उन्होंने कहा कि मेरे कार्यकाल में स्वीकृत सौ करोड़ के विकास कार्य पर ढाई साल जांच के नाम पर रोक लगा रखी थी और अब उन्हें क्लीन चिट दे दी। मूलभूत सुविधाओं के इन कामों के रुक जाने से जनता ढाई साल तक परेशान रही। सरकार और मंत्री जी को माफी मांगनी चाहिए।
केईडीएल पर गुंजल ने कहा।
केईडीएल पर बोलते हुए गुंजल ने कहा की धारीवाल जी आप क्या सपने देखते हो इससे शहर की जनता को मतलब नहीं परंतु आपने चुनाव में जनता को जो सपने दिखाए थे पहले उन्हें पूरा करो क्या हुआ दस दिन में केईडीएल को भगाने का । धारीवाल जी केईडीएल पर अभी तक खुलकर क्यों नहीं बोले धारीवाल।
गुंजल ने पत्रकारों से बात करते हुए कहाँ की अगर सरकार सो रही है और सरकार राजधर्म का पालन नहीं कर रही है तो हम विरोध धर्म का पालन करते हुए 9 तारीख को किशोर सागर तालाब की पाल से लेकर कलेक्ट्री तक सरकार को जगाने के लिए हुंकार भरेंगे हजारों हजारों की तादाद में नौजवान आएंगे और शहर की बिगड़ती कानून व्यवस्था, शहर की टूटी पड़ी सड़के, बाढ़ पीड़ितों को मुआवजा और केईडीएल भगाने की मांग को लेकर उधर राजस्थान की विधानसभा शुरू होगी इधर कोटा में गूंज होगी ।