जेल में बाबू बने नवजोत सिद्धू, 3 महीने बिना वेतन के काम करेंगे

जयपुर। पंजाब कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू अब क्लर्क बन गए हैं। उन्हें पटियाला सेंट्रल जेल में लिपिकीय कार्य सौंपा गया है। सिद्धू को जेल कार्यालय के कामकाज की जिम्मेदारी सौंपी गई है। नवजोत बिना कोई मेहनताना लिये जेल में 3 महिने बाबू का काम करेंगे। बता दें 34 साल पुराने रोड रेज मामले में सिद्धू को एक साल जेल की सजा सुनाई गई है। जेल के अंदर सिद्धू की सुरक्षा भी प्रबंधन के लिए एक चुनौती है। इसलिए उन्हें यह जिम्मेदारी दी गई है। सिद्धू के लिए राहत की बात यह है कि उन्हें फैक्ट्री में काम नहीं करना पड़ेगा। उन्हें जेल कार्यालय में फाइलें देखने का काम मिला।

बैरक में काम करेंगे सिद्धू

सिद्धू की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए वह जेल कार्यालय का काम बैरक से ही करेंगे। सिद्धू रोजाना फाइल जेल कार्यालय भेजेंगे। उनकी ड्यूटी सुबह नौ बजे से शाम पांच बजे तक रहेगी। इस दौरान वह कभी भी फाइलों पर काम कर सकते हैं।

3 महीने से कोई वेतन नहीं
सिद्धू को अभी काम के एवज में कोई वेतन नहीं मिलेगा। सिद्धू को लिपिकीय कार्य का कोई अनुभव नहीं है। अब वह अकुशल कर्मचारी श्रेणी में है। 3 महीने बाद उसे 30 रुपये प्रतिदिन दिए जाएंगे और जब वह कुशल हो जाएगा तो यह राशि बढ़ाकर 90 रुपये कर दी जाएगी।

सिद्धू के लिए सुरक्षा की चिंता
सिद्धू को सुप्रीम कोर्ट ने हिरासत की सजा सुनाई है. ऐसे में उसे किसी फैक्ट्री या बेकरी में काम पर लगाया जा सकता है। हालांकि सिद्धू की सुरक्षा भी चिंता का विषय है। कई अन्य हार्डकोर कैदी कारखानों और बेकरियों में काम करते हैं। ऐसे में सिद्धू को अन्य कैदियों से दूर रखते हुए कार्यालय में लगाया गया।