कोरोना के सताए व्यापारियों, उद्यमियों को बजट में कोई राहत नही

संवाददाता शिवकुमार शर्मा
कोटा

पेट्रोल, डीजल के वेट में भी नही दे सके राहत।

ख्याली पुलाव बजट,,, शालिनी भटनागर

कांग्रेस सरकार के सीएम अशोक गहलोत ने जो बजट पेश किया है उसमें बहुत बड़े तबके को निराशा हाथ लगी है कोरोना काल में बिगड़े आर्थिक हालत से जूझ रहे उद्यमियों व्यापारियों के लिए कोई राहत बजट में नहीं दी गई यही नहीं आमजन भी पेट्रोल डीजल के दामों से बेतहाशा परेशान हैं लेकिन राज्य सरकार ने वेट कम करने की घोषणा नहीं करके सिर्फ ख्याली पुलाव बनाकर बजट पेश कर अपनी पीठ खुद ही थपथपा ली। जिसका खामियाजा आगामी चुनाव में कांग्रेस पार्टी को मिलने जा रहा है जनता तैयार बैठी है। भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य शालिनी भटनागर के नेतृत्व मैं बुधवार को आम बजट को सामूहिक रूप से सुना और चर्चा करते हुए कहा कि

इस बजट ने व्यापारियों और उद्यमियों को बहुत निराश किया हे क्योंकि बजट में छोटे से लेकर बड़े व्यापारियों और लघु एवं मध्यम श्रेणी के उधमियों के लिए कोई राहत पैकेज नहीं दिया गया हे कोरोना के कारण व्यापारियों के आर्थिक हाल खराब होने से छोटे व्यापारियों को बिजली के बिल में और ब्याज में छूट मिलेगी ऐसी उम्मीद लगाए बैठे थे लेकिन निराशा हाथ लगी। प्रदेश के विभिन्न विभागों के संविदा कर्मियों को भी नियमित किए जाने का चुनाव से पूर्व वादा करने वाली कांग्रेस सरकार चौथे बजट में भी उनका भविष्य सुरक्षित करने की घोषणा नहीं कर सकी।
हाड़ोती में पर्यटन को लेकर मकुंदरा में बाघ बसाकर पर्यटन के माध्यम से रोजगार की के साधनों की बड़ी घोषणा की आशा थी यही नहीं रीको कोटा के औधोगिक क्षेत्र में औद्योगिक भूखंडों पर होटल हॉस्टल आदि की स्वीकृति की आशा में उधमी था । सम्पूर्ण बजट जनता को निराश करने वाला है । यह नीति का नही राजनीति का बजट है यह मात्र छलावा है। बजट पर चर्चा के दौरान प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य विधि प्रकोष्ठ
प्रीति शर्मा ,छात्रा संघ अध्यक्ष जेडीबी प्राची शर्मा ,
सुनीता सामरिया जिला मंत्री ,सुमन मेहरा प्रभारी एससी मोर्चा सहित भाजपा महिला मोर्चा की कार्यकर्ता मौजूद रही।